Norat Mal Nama
05-Mar-2026
घुला ‘गणगौर’ का गुलाल, पूजा महोत्सव शुरू
देवली ,शहर के मोहल्लों में इन दिनों से मंगल गीतों की गूंज सुनाई देने लगी है, जो इस बात का प्रतीक है कि लोक आस्था का महापर्व गणगौर अपनी पूरी रंगत के साथ शुरू हो चुका है।
धूलंडी से ही देवली की सुहागिन महिलाओं ने ईसर-गणगौर की 18 दिवसीय विशेष पूजा का संकल्प ले लिया है। छाया मार्केट की निवासी नंदू देवी दीया ने बताया कि इस बार 21 मार्च को मुख्य गणगौर पर्व मनाया जाएगा, तब तक शहर के अलग-अलग कोनों में भक्ति और शक्ति का यह अनूठा संगम देखने को मिलेगा। परंपरा और आधुनिकता के बीच महिलाएं अपने सुहाग की लंबी उम्र की कामना के लिए प्रतिदिन ईसरजी और गौर माता को दूब और फूलों से पूज रही हैं। पूजन के बाद सामूहिक रूप से भगवान सूर्यनारायण को अर्घ्य देने का दृश्य आध्यात्मिक परिवेश को और भी मनमोहक बना देता है। इस दौरान बिंदौरे भी निकाले जाएंगे। शहर के कई इलाकों में महिलाएं अपनी लोक संस्कृति को जीवंत रखते हुए पारंपरिक गीतों पर नृत्य भी नजर आ रही हैं। उल्लेखनीय है कि गणगौर पर्व लोक संस्कृति से जुड़ा महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण पर्व है। जिसका सुहागिन महिलाएं पूरे वर्ष इंतजार करती है।